अखरोट खाने के फायदे व नुकसान – Walnut benefits and side effects


अखरोट Akhrot या Walnut को मेवों का राजा कहा जाये तो कोई अतिश्योक्ति नहीं होगी। यह सिर्फ दिखने में दिमाग जैसा नहीं है बल्कि दिमाग के लिए यह बहुत फायेदमंद होता है। अखरोट में वीर्य तथा शुक्राणु को ताकत देने वाले तत्व भी होते है।
इसके अलावा ह्रदय , हड्डियों तथा लीवर के लिए भी यह उतना ही लाभदायक है। सिर्फ 4 – 5  Akhrot नियमित खाने से इसके बहुत से लाभ लिए जा सकते है।
यह काजू , पिस्ता , हेज़ल नट , चिलगोजा आदि की तरह ही पेड़ पर पाये जाने वाले मेवा है। अलग अलग भाषा में Akhrot को अलग नाम से जाना जाता है। इसे गुजराती में आखोड , बंगाली में आक्र , मराठी में अक्राड़ , मलयालम में अक्रोड, तेलगू में अक्षोलमु कहते है।
Akhrot की तासीर Taseer गरम व खुश्क होती है। पित्त प्रकृति वालों को इससे कुछ परेशानी हो सकती है। इस प्रकृति को ध्यान में रखते हुए इसका उपयोग करना चाहिए।
अखरोट को फ्रिज में रखना चाहिए , चाहे गिरी हो या छिलके वाले । Akhrot अधिक तापमान में जल्दी खराब हो जाते है। गर्मी से उनका स्वाद ख़राब हो सकता है या उनमे फफूंद लग सकती है। अखरोट गिरी को भिगो कर भी खा सकते है।

अखरोट के पोषक तत्व – Walnut Nutrients

Akhrot ke labhdayak tatv
अखरोट में पाये जाने वाले पोषक तत्व सभी मेवों से अधिक लाभदायक सिद्ध हो सकते है। इसमें ओमेगा -3  तथा ओमेगा -6 फैट्स प्रचुर मात्रा में होते है जो दिल के लिए बहुत अच्छे माने जाते है।
इनकी इतनी मात्रा गिनी चुनी चीजों से ही मिलती है। दूसरे सभी मेवों में मोनो अनसैचुरेटेड फैटी एसिड होते है जबकि अखरोट में पॉली अनसैचुरेटेड फैटी एसिड अधिक मात्रा में होते है।
अखरोट में कॉपर , मैगनीज , मैग्नीशियम , पोटेशियम , फास्फोरस , बायोटिन , विटामिन B 6 , विटामिन  E , विटामिन C , विटामिन A , विटामिन K  तथा आयरन भी पर्याप्त मात्रा में होते है।
Akhrot की गिरी पर गहरे भूरे रंग का बिल्कुल पतला छिलका होता है। इसे निकालना नहीं चाहिए क्योंकि इस हिस्से में सर्वाधिक एंटीओक्सीडेंट जैसे फेनोलिक एसिड , टेनिन्स और फ्लेवोनोइड्स आदि होते है। जो बहुत फायदेमंद होते है।
अखरोट गिरी में लगभग 65 % फैट , 14 % कार्बोहाइड्रेट , 15 % प्रोटीन तथा 11 % फाइबर और पानी होते है। फैट की अधिक मात्रा के कारण इससे अधिक केलोरी मिलती है , लेकिन खास बात यह है की फिर भी यह मोटापा नहीं बढ़ाता।
यदि आप डायटिंग पर है और किसी खाने की चीज में Akhrot डाला गया है तो निसंकोच उसे खा सकते है पर कम मात्रा में।

अखरोट के फायदे – Walnut Benefits

Akhrot ke Fayde

उम्र के प्रभाव कम – Ageing

शरीर में फ्री रेडिकल्स के कारण उम्र बढ़ने के कारण कई बदलाव नजर आने लगते है। जैसे त्वचा पर झुर्रियां , पाचन की कमजोरी , आँखों की रौशनी में कमी , हड्डी की कमजोरी आदि। इसके अलावा भी कई प्रकार की शारीरिक समस्याएं हो सकती है। लीवर पर भी प्रभाव पड़ता है जो शरीर की कई महत्त्वपूर्ण कार्य विधि का केंद्र है।
इन उम्र के प्रभावों को कम करने में एंटीऑक्सीडेंट महत्वपूर्ण भूमिका निभाते है। Akhrot में पाये जाने वाले विशेष प्रकार के ताकतवर एंटीऑक्सीडेंट उम्र के साथ होने वाले नुकसान से बचाने में सक्षम होते है। अतः नियमित रूप से अखरोट का सेवन जवान बनाये रखने में मदद कर सकता है।

स्वस्थ हृदय – Heart

ह्रदय के लिए अखरोट बहुत लाभदायक होते है। नियमित अखरोट के सेवन से रक्त में थक्के बनने की सम्भावना कम हो जाती है। यह HDL नामक अच्छे कोलेस्ट्रॉल को बढ़ाता है और LDL  नामक नुकसान करने वाले कोलेस्ट्रॉल को कम करता है। जो दिल के लिए बहुत अच्छा है।
जिन्हें ह्रदय रोग होने की सम्भावना हो उन्हें Akhrot खाने से लाभ मिल सकता है। ब्लड प्रेशर को नियमित रखने में भी अखरोट मदद कर सकता है।

मजबूत हड्डियाँ – Bones

कॉपर की कमी के कारण  हड्डियां कमजोर हो जाती है। Akhrot खाने से कॉपर की कमी नहीं होती जिससे हड्डी मजबूत रहती है।
इसके अलावा अखरोट से मैग्नीशियम मिलता है जो केल्शियम के अवशोषण के लिए जरुरी होता है केल्शियम मिलते रहने से हड्डियाँ मजबूत बनी रहती है। इस प्रकार नियमित Akhrot खाना हड्डियों के लिए बहुत लाभदायक होता है।

तेज दिमाग – Brain sharp

अखरोट खाने से दिमाग की शक्ति बढ़ती है। इसमें मौजूद विटामिन E , फोलेट , ओमेगा -3 फैट्स , तथा एंटीऑक्सीडेंट मस्तिष्क को शक्तिशाली बनाने में मददगार होते है।
अतः दिमागी काम करने वालों के लिए अखरोट एक अच्छा टॉनिक साबित हो सकता है। Akhrot के विटामिन और खनिज तत्व उम्र के साथ होने वाली दिमागी कमजोरी को भी दूर रखते है।

वीर्य को ताकत – Power to semen

अखरोट में वीर्य को मजबूत बनाने के गुण होते है। यह वीर्य में शुक्राणु की संख्या , शुक्राणु की आयु , गतिशीलता तथा कार्यविधि में वृद्धि कर सकता है। गर्भाधान के लिए इन तीनो गुणवत्ताओं का सही होना आवश्यक होता है।
यदि गर्भधारण नहीं होने का कारण वीर्य या शुक्राणु की कमजोरी हो तो Akhrot के सेवन से लाभ मिल सकता है। अखरोट यौन शक्ति की कमजोरी भी दूर करता है।

मेटाबोलिज्म – Metabolism

Akhrot  के उपयोग से मेटाबोलिज्म में सुधार आता है। अखरोट में मौजूद मैगनीज , पोटेशियम , कैल्शियम , आयरन , जिंक तथा जरुरी फैट्स मेटाबोलिज्म को सही बनाये रखने में मददगार होते है जिसके कारण भोजन से जरुरी पोषक तत्व अवशोषित होकर शरीर मजबूत बनता है।

डिप्रेशन दूर – Depression

ओमेगा 3 फैटी एसिड की कमी से तनाव , चिड़चिड़ापन , गुस्सा , झुंझलाहट होना अधिक हो जाता है । बच्चों में विशेषकर इस प्रकार के लक्षण इस वजह से हो सकते है।
Akhrot खाने से इस प्रकार के सभी लक्षण में आराम आता है। यह हर उम्र के लोगों का मूड अच्छा रख सकता है। इससे  डिप्रेशन और तनाव कम हो जाते है। जिंदगी खुशहाल  लगने लगती है ।

अच्छी नींद – Good Sleep

अखरोट में पाया जाने वाला मेलाटोनिन नामक तत्व नींद की प्रक्रिया को सुधारता है। अतः अखरोट खाने से अच्छी नींद आती है। रात के भोजन में अखरोट शामिल करें। सलाद के साथ या थोड़े से भीगे हुए Akhrot सोने से पहले कुछ दिन खा कर देखें। आप नींद में सुखद बदलाव को जरूर महसूस करेंगे।

मजबूत बाल  – Hair growth

Akhrot में पाया जाने वाला बायोटिन ( विटामिन B 7 ) बालों के स्वास्थ्य के लिए टॉनिक का काम करता है। नियमित Akhrot खाने से बालों का गिरना कम होता है। बाल मजबूत और स्वस्थ होते है।

वजन कम – Reduce weight

जिन चीजों में फैट अधिक होता है वे वजन बढ़ाते है लेकिन Akhrot में अधिक फैट होते हुए भी यह वजन नहीं बढ़ाता है। यदि किसी डिश में Akhrot  डाला गया है तो वजन बढ़ने की चिंता किये बगैर आप उस  डिश का आनंद ले सकते है।

अखरोट से नुकसान – Disadvatage of walnuts

Akhrot se kya nuksan hote he
—  अखरोट की तासीर गर्म होती है। इसलिए गर्मी के मौसम में तथा पित्त प्रकृति के लोगों के लिए यह नुकसानदेह हो सकता है। ऐसे में इसे सर्दी के मौसम में या कम मात्रा में ही खाना उचित होता है। पढ़ें मौसम हिसाब से बदलाव किस प्रकार करने चाहिए।
—  किसी किसी को Akhrot से एलर्जी हो सकती है। यदि अखरोट खाने से पेट में दर्द , जी घबराना , होंठ या गले में सूजन या साँस लेने में परेशानी आदि होते हो तो यह अखरोट से एलर्जी के कारण हो सकता है। यदि ऐसा हो तो Akhrot नहीं खाने चाहिए।
—  यदि किसी को आयरन या ज़िंक की कमी हो तो अखरोट खाना नुकसान देह हो सकता है।  क्योकि Akhrot में पाए जाने वाला फाइटेट नाम का तत्व भोजन से आयरन और जिंक के अवशोषण को अवरुद्ध कर सकता है। ऐसे में आयरन व जिंक युक्त आहार लेने पर भी फायदा नहीं मिल पाता। अतः खून की कमी है तो Akhrot संभल कर खाएँ।
—  अखरोट में ऑक्जेलेट की मात्रा अधिक होती है। ऑक्जेलेट की अधिक मात्रा वाले पदार्थ के उपयोग से गुर्दे में पथरी बनने की सम्भावना बन सकती है। यदि किसी को गुर्दे में पथरी पहले से है तो उसे अखरोट कम ही खाने चाहिए।
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